Tag archives for रंगमंच

आईना

जब मम्मी-पापा ने कर दिया घर-बदर

अनिल तिवारी अब थोड़ा घर की तरफ रुख करते हैं। इन सारी गतिविधियों से घरवाले बहुत तंग आ गये थे। आगरा के दो प्रतिष्ठित परिवारों का बड़ा लड़का, आखिर किस…
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आईना

फ्लाइंग किस पर बिग फाइट

अनिल तिवारी वरिष्ठ रंगकर्मी अनिल तिवारी की फेसबुक सीरीज को हम साथियों से साझा कर रहे हैं। इसमें एक तारतम्यता है। अगर आप शुरुआती हिस्से से न गुजरें हो तो…
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परब-त्योहार

श्मशान में जीवन का संगीत और सौंदर्य

पशुपति शर्मा 20 जनवरी, 2018 की उस दोपहर, राजधानी के मंडी हाउस इलाके में 'अलग मुल्क के बाशिंदे' से मुखातिब होने का मौका मिला। संगीत नाटक अकादमी के प्रेक्षागृह में…
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चौपाल

ग्वालियर के ‘गुंडे’ ने किसी रंगकर्मी से बदसलूकी नहीं की

अनिल तिवारी करीब 1962 के दौरान पिता जी का तबादला ग्वालियर हो गया और मेरा दाखिला उस समय के सर्वश्रेष्ठ स्कूल जो बिरलाजी द्वारा संचालित था और बिरला नगर में…
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माटी की खुशबू

राजधानी दिल्ली में ‘अलग मुलक का बाशिंदा’

पशुपति शर्मा राजकमल नायक। रंगमंच का ऐसा साधक, जिसने मंच पर तो एक बड़ी दुनिया रची लेकिन सुर्खियों के ताम-झाम से हमेशा खुद को दूर रखा। सामान्य सी कद काठी से…
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आईना

‘खिड़की’ से झांकता लेखक और वो लड़की

संगम पांडेय विकास बाहरी के नाटक ‘खिड़की’ में कथानक के भीतर घुसकर उसकी पर्तें बनाने और खोलने की एक युक्ति है। यह मंच पर मौजूद मुख्य पात्र के भ्रम और…
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माटी की खुशबू

बात निकली तो है… कितनी दूर तलक पहुंची?

नीतू सिंह कुछ बातें ऐसी होती हैं, तो दिल की गहराइयों से छूकर निकलती हैं और बड़ी दूर तक अपनी छाप छोड़ती है। राजधानी दिल्ली के श्रीराम सेंटर में इस…
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चौपाल

रंगमंच के ‘नायक’ को संगीत नाटक अकादमी सम्मान

पशुपति शर्मा राजकमल नायक। रंगमंच का ऐसा साधक, जिसने मंच पर तो एक बड़ी दुनिया रची लेकिन सुर्खियों के ताम-झाम से हमेशा खुद को दूर रखा। सामान्य सी कद काठी…
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परब-त्योहार

थियेटर म्यूज़िक- अंजना पुरी की साधना और प्रयोग के सुर

संगीत नाटक अकादमी के अवॉर्ड्स की घोषणा हुई। अलग-अलग कैटगरी में कई नाम सामने आए। इनमें एक नाम अंजना पुरी का भी है। वो अंजना पुरी जो पिछले ढाई दशकों…
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आईना

रंगमंच पर साकार राजकमल चौधरी की ‘मल्लाह टोली’

संगम पांडेय नीलेश दीपक की प्रस्तुति ‘मल्लाह टोली’ एक बस्ती का वृत्तचित्र है। ‘कैमरा’ यहाँ ठहर-ठहरकर कई घरों के भीतर जाता है, और एक छोटे से परिवेश में तरह-तरह के…
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