बिहार में विकास के दावे का आईना है ‘रुकतापुर ‘

ब्रह्मानंद ठाकुर बिहार में विधानसभा चुनाव की सरगर्मी परवान चढी हुई है। इसी चुनावी सरगर्मी के माहौल में राजकमल प्रकाशन

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बिहार चुनाव- जमीनी मुद्दों की रिपोर्टिंग के लिए फेलोशिप

इस बिहार चुनाव में जमीनी मुद्दों की रिपोर्टिंग करने वाले स्वतंत्र पत्रकारों का समर्थन करने के लिए सेंटर फ़ॉर रिसर्च

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चुनावी समर के बीच ‘स्वप्नलोक’ में ‘योगी’ से साक्षात्कार

ब्रह्मानंद ठाकुर कभी-कभी सपने भी अजीब होते हैं। अजीब इसलिए कि ऐसे सपनों के कोई हाथ-पैर नहीं होते और यथार्थ

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सियासी तस्वीर बदलने के लिए आधी आबादी का एक और कदम

पुष्यमित्र पिछले दिनों चुनावी यात्रा के दौरान जब मैं पूर्णिया जिले के धमदाहा अनुमंडल मुख्यालय में किरण देवी से मिल

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दीवाली बिहारे में… बूझे काहे नहीं ‘शाह-बुझक्कड़’

शंभु झा बिहार चुनाव के नतीजों पर आपने काफी विश्लेषण और समीक्षाएं अब तक पढ़ ली होंगी। बड़े बड़े राजनीतिक पंडित,

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बीजेपी का ‘चाणक्य’ क्यों फेल हो गया?

बिहार के चुनाव हो गए। नीतीश कुमार लगातार तीसरी बार बिहार के मुख्यमंत्री बनेंगे। लालू यादव की पार्टी दस साल

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एक और चांस पर नीतीश का डांस

दिल्ली के बाद बिहार में बीजेपी की बड़ी हार, फिर से नीतीश कुमार। एक बड़ी जीत के साथ नीतीश तीसरी बार बिहार

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बिहार में किसकी दीवाली, किसका दिवाला?

अगर अग्जिट पोल सही हुए तो बिहार में किसकी दिवाली मनेगी और किसका दिवाला निकलेगा? फिलहाल सियासी दलों के लिए

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