Archives for माटी की खुशबू

माटी की खुशबू

फल और सब्ज़ियों के दोस्ती की कहानी

चित्रलेखा अग्रवाल एक समय था जब फल और सब्जियां अलग अलग रहते थे। दोनों में दोस्ती कायम करने में चेरी और शिमला मिर्च का बहुत बड़ा योगदान है। कैसे? जानने…
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माटी की खुशबू

जंतर-मंतर पर आंदोलनकारियों की नो एंट्री

जंतर-मंतर पर प्रदर्शन बैन । जंतर-मंतर पर आंदोलनकारियों की नो एंट्री। अब कोई वहां आंदोलन नहीं करेगा । 24 साल से धरना स्थल के रूप में उभरने वाला जंतर-मंतर अब…
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माटी की खुशबू

छठ पूजा के 10 संकल्प

श्वेता जया पांडे क्या है छठ पूजा का महत्व, सदियों से क्यूँ इसे मनाया जाता है। आपने कभी सोचा है कि हमारे तमाम त्योहार हमें क्या संदेश देते हैं? क्या…
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माटी की खुशबू

माटी की महक गांव खींच लाती है!

संतोष पाठक के फेसबुक वॉल से गांव का पुराना घर साल दर साल खंडहर हो रहा है। यह मेरे दादा-दादी की विरासत है। जर्जर होते इस घर की दीवारों में, आंगन…
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माटी की खुशबू

पशुपालकों के पर्व सुकराती के बारे में सुना है?

ब्रह्मानंद ठाकुर अतीत सुंदर था, खुशहाल था, गौरवपूर्ण था, इसलिए वह दुहराने की चीज नहीं हो सकती लेकिन प्रेरणा तो उससे अवश्य ली जानी चाहिए। बिना ऐसा किए सुखद वर्तमान…
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माटी की खुशबू

मायानगरी के कबूतरों का ‘पैगाम’

'राकेश कायस्थ शहर के कैरेक्टर को समझने के लिए सिर्फ इंसान की नज़र काफी नहीं होती। जीव-जंतुओं का व्यवहार भी बहुत कुछ कहता है। मुंबई में रिहाइश और रोजगार संघर्ष…
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माटी की खुशबू

मां की आदत

मां ने पल्लू में अभी तक बांधकर रखी है  मेरी पहली खिलखिलाहट जटामासी जैसे मेरे बालों के गुच्छे पोटली में सहेज रखा है गांव के ब्रह्म बाबा को अर्पित करने…
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माटी की खुशबू

सियासी शिकंजे से किसान छूटें तो बदलेगी ज़िंदगी

केदार सिरोही आदिकाल से कृषि हमारे देश की अर्थव्यवथा की रीढ़ की हड्डी रही है। आज वही खुद को बचाने के लिए बदलाव तलाश रही है। देश की अर्थव्यवस्था को…
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सोपान जोशी की एक दिलचस्प किताब जल-थल-मल

राकेश कायस्थ हिंसा, हाहाकार और बनारस में लड़कियों की पिटाई की ख़बरों से मन बहुत अशांत था। नज़र टेबल पर रखी एक किताब पर पड़ी, जिसे मैंने दो महीने पहले…
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माटी की खुशबू

अध्यात्म का चाबुक और अंधभक्तों की माया…बाबा रे बाबा !

राकेश कायस्थ बाबा राम रहीम अपनी किसी शिष्या का यौन- शोषण करने से पहले कहता था कि वह उसे दुनियावी पापों से मुक्त कर रहा है और यह कि जिस…
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