Archives for परब-त्योहार - Page 2

परब-त्योहार

कोलकाता में 24 जून को विनय तरुण स्मृति व्याख्यान

विनय तरुण स्मृति व्याख्यान - 2018 का आयोजन कोलकाता में 24 जून 2018 रविवार को होगा। इस बार का विषय है 'अतिवादों के दौर में पत्रकारिता और गांधीवाद'. इस विषय पर…
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पियर गांव में बच्चों की पुस्तकों से दोस्ती

टीम बदलाव कुछ इत्तेफाक भी बेहद खूबसूरत हुआ करते हैं। बच्चों की छुट्टियां हो रही हैं और मुजफ्फरपुर के गांव पियर में पुस्तकों का नया कलेक्शन आ गया है। आज…
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सासू मां से प्रेम किया तो सारा डर भाग गया

जूली जयश्री हाई स्कूल में हमारे एक टीचर थे , पाठक जी पढाते तो अंग्रेजी थे लेकिन अंग्रेजी से ज्यादा उनपर बेटियों में संस्कार बोने का दायित्व था ! उनका फेवरेट डॉयलाग…
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मां जैसा कोई डांटता नहीं

रुपेश कुमार मां जैसा  कोई डांटता नहीं मां जैसा कोई  मनाता भी नहीं ! सबसे छुपा कर जतन से बचा कर वो फटोना औ मिठाई कोई  खिलाता भी नहीं !…
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मेरी मां ने शिकायत करना ही नहीं सीखा

सर्बानी शर्मा माया शर्मा, सर्बानी शर्मा की मां मेरी मां। मां नहीं भाभी। वो हमारी मां नहीं बन पाईं कभी। हम उसे बचपन से ही भाभी कहकर पुकारते रहे हैं।…
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5 लाख गांवों को बर्बाद कर आबाद नहीं हो पाएंगे शहर- नरेंद्र सिंह

पशुपति शर्मा संपादक का कक्ष और एक युवक। किसी मुद्दे पर बातचीत के दौरान तनातनी। युवक अपनी बात पर अड़ गया और संपादक महोदय को खरी-खरी सुना घर लौट आया-…
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राजा शिव छत्रपति सिर्फ महानाट्य नहीं है!

सच्चिदानंद जोशी जो लोग राजा शिव छत्रपति को सिर्फ एक महानाट्य मान कर देखने जा रहे हैं, वो एक भारी भूल कर रहे हैं। राजा शिव छत्रपति एक नाटक से…
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किस्सों से किचन तक हर दिन कुछ नया परोसती ‘हमारी आई’

पशुपति शर्मा इंडिया इंटरनेशनल सेंटर, शुक्रवार 30 मार्च की शाम। 'आई' के पद्मश्री तक के सफ़र पर एकाग्र एक कार्यक्रम। आई यानी मालती जोशी। 4 जून 1934 को औरंगाबाद में…
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मुजफ्फरपुर के वीर सपूत जुब्बा सहनी की शहादत गाथा

ब्रह्मानंद ठाकुर " हां, वायलर को मैंने मारा,  किसी और ने नहीं।"  यही तो कहा था भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के योद्धा जुब्बा सहनी ने और मुजफ्फरपुर के मीनापुर थाने के दारोगा…
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लोकतंत्र की काग़ज़ी खूबसूरती ज़मीन पर कब उतरेगी- उर्मिलेश

पशुपति शर्मा "हिंदुस्तान जितना खूबसूरत लोकतंत्र काग़जों पर है, उतना खूबसूरत लोकतंत्र ज़मीन पर नहीं दिखता। जबकि यूरोप के कई मुल्क ऐसे हैं जहां कोई लिखित संविधान नहीं है, जहां…
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