Archives for मेरा गांव, मेरा देश

मेरा गांव, मेरा देश

करणी सेना ने कर दी करोड़ों की ‘लीला’

‘ पद्मावती फिल्म में अलाउद्‌दीन एक धूर्त्त, अहंकारी, कपटी, दुश्चरित्र और रक्तपिपासु इंसान की तरह चित्रित है। वह अपने चाचा सम्राट जलालुद्‌दीन की हत्या करता है, अपनी चचेरी बहन से…
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मेरा गांव, मेरा देश

पूर्णिया के सरवर ने छत पर ला दी बहार

बासु मित्र कहते हैं जहां चाह होती है, राह खुद ब खुद मिल जाती है। बिहार के पूर्णिया जिले के सबसे व्यस्ततम इलाके लाइन बाजार में जहां इंच-इंच जमीन की…
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मेरा गांव, मेरा देश

हाईब्रिड से पैदावार बढ़ी, लेकिन जमीन की उर्वरता पर असर

ब्रह्मानन्द ठाकुर 21वीं सदी का हिंदुस्तान तेजी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन देश का किसान इस रेस में पिछड़ता जा रहा है यही नहीं किसानों के साथ-साथ जमीन की…
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मेरा गांव, मेरा देश

‘अंतरात्मा की पीड़ित विवेक-चेतना’ के कवि को अलविदा

उदय प्रकाश 'आत्मजयी' वह कविता संग्रह था, जिसके द्वारा मैं कुंवर नारायण जी की कविताओं के संपर्क में आया. तब मैं गाँव में था और स्कूल में पढ़ता था. 'आत्मजयी'…
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मेरा गांव, मेरा देश

मजदूरों की क्रांति से बदला रूस का इतिहास

फोटो- साभार विकीपीडिया ब्रह्मानंद ठाकुर नवंबर क्रांति के पहले अंक में आप ने पढ़ा कि कैसे फरवरी 1917 से लेकर नवंबर 1917 के बीच रूस में किसानों और मजदूरों की…
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मेरा गांव, मेरा देश

हंसिये मत… ये खुशहाली के बीज हैं!

फिलिपींस में डूब क्षेत्र में धान की नई किस्म का उद्घाटन । जीवन में हास्य बोध का अपना महत्व है, मगर जब हम गंभीर बातों पर भी चुटकुला बनाने लगें…
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खेती-बाड़ी

बाढ़ प्रभावित किसानों के लिए बड़ा गिफ्ट… फिलिपींस से खुशहाली की ख़बर

फोटो साभार- प्रभात ख़बर तीन हफ्ते लंबी बाढ़ को भी मात दे रही है धान की यह नयी वेराइटी. बिहार के सीतामढ़ी जिले के रुन्नीसैदपुर प्रखंड के तिलक ताजपुर गांव…
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खेती-बाड़ी

धान के खेत में पीएम मोदी क्या कर रहे हैं ?

पीएम मोदी ने फिलिपींस में अंतर्राष्ट्रीय चावल अनुसंधान केंद्र में एक विशेष प्रयोगशाल का उद्घाटन किया । साथ ही भारत की ओर से IRRI को भारतीय चावल की दो वेराइटिज…
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मेरा गांव, मेरा देश

हम बदलेंगे और जमाना बदलेगा – IPS विकास कुमार

पुलिस हमारी सुरक्षा करती है, एक अच्छे समाज के लिए एक अच्छे सुरक्षातंत्र का होना बेहद ही जरूरी है। ये अलग बात है कि हमारे देश का पुलिस-तंत्र हमेशा संदेह…
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बिहार/झारखंड

समय ‘वाचाल’ है और कवि ‘मौन’!

पशुपति शर्मा 'समय वाचाल है' इसी शीर्षक से आजतक में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार साथी देवांशुजी का काव्य संग्रह हाथ में आ गया है। इस बार 'साहित्य आजतक' में सम्मिलित होने…
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