Archives for गांव के रंग - Page 3

बेलदारीचक में फ्री वाई-फाई, कोना-कोना कौन कौना ?

पुष्यमित्र गली का आखिरी मकान जहां है बेलदारीचक का दूरसंचार केंद्र, सभी फोटो-पुष्यमित्र के सौजन्य से। जैसे ही हमने तसवीर ली विनोद कुमार दौड़े-दौड़े आये। उनकी सहज जिज्ञासा थी कि उनके…
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विनोद कापड़ी ने जंगल में ढूंढी लुप्तप्राय इंसानी प्रजाति

विनोद कापड़ी मधुर, अंबिका और सिरोही। जंगल में आपका करते हैं इंतज़ार। किसी ने सच ही कहा है कि ये दुनिया कुछ सनकी, जुनूनी और पागल लोगों के भरोसे ही…
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सीमांचल में ‘वर्चुअल दुनिया’ से रियल फाइट

पुष्यमित्र सोशल मीडिया ने आज पूरी दुनिया को एक सूत्र में बांध दिया है, किसी को पुराने दोस्त की तलाश करनी हो तो फेसबुक, किसी को अपने मन की बात…
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मैनपुरी का ‘मास्टर्स इन फ्लावर’

दिल्ली के कृषि मेले में फूलों के बीच युवा किसान रवि पाल अरुण यादव बदलाव की बयार कब और कहां से निकलेगी ये कोई नहीं जानता । क्या आप सोच…
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शिव का एक ऐसा धाम जहां हर साल बढ़ता है शिवलिंग

अरुण प्रकाश अगर आप पर्यटन के शौकिन हैं और पौराणिक महत्व की नई-नई जगहों पर जाना पसंद करते हैं आपके लिए त्रिलोचन महादेव मुनासिब जगह हो सकती है । शिवनगरी…
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अमदाबाद के 100 गांवों में दो दशकों का ‘अंधकार युग’

पुष्यमित्र अमदाबाद के चन्नी बाज़ार के पास लगता ट्रांसफॉर्मर। फोटो-पुष्यमित्र यह कहानी कटिहार के अमदाबाद प्रखंड की है। 98 की बाढ़ में जो यहां की बिजली गुल हुई थी वह…
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‘लिक्विड ऑक्सीजन’ में ‘डार्लिंग विलेज’

शंभु झा फोटो- कोसी बिहार से अजय कुमार (साभार) मैं अभी हाल में अपने गांव से लौटा हूं। गांव की फितरत साठ के दशक की फिल्मी नायिकाओं जैसी होती है।…
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50 साल से खेतों में ही है उसका बसेरा

जमीन की रखवाली करती जेठिया बाई बरुण के सखाजी छत्तीसगढ़ के चिल्पीघाटी की पश्चिमी तलहटी में धबईपानी के पास 80 वर्षीय महिला जेठिया बाई अपने पूर्वजों के खेतों को कब्जे…
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चुनावी शोर में किसानों की फिक्र कर लेना नेताजी

नीलू अग्रवाल बिहार में चुनाव का शोर शुरू हो गया है। इसके साथ ही सियासी दलों के रणनीतिकार जाति के आंकड़ों को जुटाने, उसका विश्लेषण करने और जाति के वोटबैंक…
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आजतक ने जोड़ा ख़बरों से गांव का ‘कनेक्शन’

सत्येंद्र कुमार फोटो- आज तक का गांव कनेक्शन गांव की अधिकांश सड़कें कच्ची से पक्की हो गई। कई गांव से होकर चौड़ी सड़कें दौड़ने लगीं। टमटम की जगह टैंपो चलने…
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