Author Archives: badalav - Page 126

शादियों में लीजिए गालियों का भी मजा

भारती द्विवेदी क्या आपने कभी गाली को एन्जॉय किया है? सुनकर अजीब लगा ना ! ऐसा सच में होता है गांव की शादियों में। मैं बिहार के मोतिहारी जिले में…
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आधे-अधूरे का यथार्थवाद और जयंत देशमुख का सेट

संगम पांडेय जयंत देशमुख सिनेमा के जाने-माने सेट डिजाइनर हैं। उनका यह हुनर एमपीएसडी के छात्रों के लिए निर्देशित नाटक ‘आधे अधूरे’ में भी पूरे उरूज पर नुमाया था। मोहन…
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आतंकी और बहादुर बच्चा

डेमो राजेश मेहरा राजू घर में खेल रहा था तभी उसके पापा ऑफिस से आये और बोले बेटा टीवी चलाओ जरा। राजू ने पूछा क्या बात है पापा आज आप…
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बेलदारीचक में फ्री वाई-फाई, कोना-कोना कौन कौना ?

पुष्यमित्र गली का आखिरी मकान जहां है बेलदारीचक का दूरसंचार केंद्र, सभी फोटो-पुष्यमित्र के सौजन्य से। जैसे ही हमने तसवीर ली विनोद कुमार दौड़े-दौड़े आये। उनकी सहज जिज्ञासा थी कि उनके…
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किसान जानते हैं पेड़ पर पैसे उगाने का जादू

कन्हैया लाल सिंह कई लोगों से आपने सुना होगा, पैसे क्या पेड़ पर उगते है? जी हां, पैसे पेड़ पर ही उगते हैं। इस बात को सच कर दिखाया है…
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गांव की सेहत का मददगार आशा बहुओं का स्मार्टफोन

उमेश कुमार अब जब सुनीता देवी किसी गर्भवती महिला के पास जाकर आयरन गोली खाने के फायदे बताती हैं, तो उस महिला के साथ-साथ उसकी सास और घर के अन्य…
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दलित होने का दर्द… छात्र से प्रोफेसर बनने तलक

रविकांत चंदन हाल में बिहार शिक्षा (माध्यमिक) बोर्ड के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के नतीजे सुर्खियों में रहे हैं। पहले जिन टाॅपर्स के घरों में खुशियाँ मनायी जा रही थीं, मिठाइयाँ…
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चंद्रशेखर आज़ाद का तमंचा और मूछें

आज चंद्रशेखर आजाद का जन्मदिन है। इस क्रांतिकारी की पहचान रही मूंछों और तमंचे पर देवांशु झा ने एक कविता लिखी है।  अल्फ्रेड पार्क में निश्चय ही दृढ़तर हुए थे,…
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कान्हा करेगा ‘सुदीप’ तेरा इंतज़ार, हो सके तो आना ज़रूर

राकेश कुमार मालवीय सुदीप (बीच में)। रामकृष्ण डोंगरे और राकेश मालवीय के साथ। उफ ! वक्त तुम कितने बुजदिल हो। दो साल पहले सुदीप पत्रकारिता में एक नई जगह पर…
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कीर्ति दीक्षित के उपन्यास का विमोचन 23 को

टीम बदलाव 23 जुलाई को कीर्ति दीक्षित के उपन्यास का विमोचन। युवा पत्रकार और लेखिका कीर्ति दीक्षित के पहले उपन्यास जनेऊ के विमोचन का काउंटडाउन शुरू हो चुका है। 23 जुलाई…
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